Shiv Bhojan Thali Yojana – शिवभोजन थाळी आवेदन 2022 [Rs 5 Thali]

महाराष्ट्र सरकार राज्य में रहने वाले वंचित समाज के लोगों के लिए समय-समय पर विभिन्न योजनाएँ लाती रही हैं। इसी क्रम में 26 जनवरी के दिन पुरे राज्य में शिवभोजन थाळी योजना को शुरू करने का कार्य किया हैं। राज्य के मुख्यमंत्री का Shiv Bhojan Thali Yojana को शुरू करने का मुख्य उद्देश्य गरीब वर्ग के लोगों को कम से कम कीमत में अच्छा एवं सेहतमंद भोजन दिया जा सके। शिवभोजन थाळी योजन का नाम राज्य के प्राचीन राजा शिवाजी के नाम पर रखा गया हैं। इस योजना की सबसे आकर्षक बात इसकी कीमत 5 रूपए होना हैं। सरकार द्वारा प्रथम चरण में राज्य के 50 स्थानों पर 10 रूपए में शिव भोज योजना शुरू की गई थी।

शिवभोजन थाळी योजना को अगले चरण में राज्य के विभिन्न क्षेत्रो में विस्तारित करने का कार्य किया जा रहा हैं। योजना के लिए महाराष्ट्र सरकार ने महाराष्ट्र विकास अघाड़ी का चुनावी वादा किया था जिसे पूरा किया जा रहा हैं। सर्वप्रथम यह योजना राज्य के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे द्वारा महाराष्ट्र में 2020 से शुरू की गयी थी। इस योजन से अंतर्गत 10 रूपए में एक पहर का भोजन दिया जाता था। 10 रूपए थाली योजना को तमिलनाडु सरकार में जयललिता की अम्मा कैंटीन/ उनावगम योजना(माँ की कैंटीन) और कर्नाटक सरकार द्वारा 2013 की इंदिरा कैंटीन योजना से प्रेरित होकर ही शुरू किया हैं। देश के अन्य राज्यों में भी इस प्रकार की योजनाओ को कार्यान्वित किया गया था।

Shiv Bhojan Thali Yojana - शिवभोजन थाळी आवेदन 2022 [Rs 5 Thali]

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शिवभोजन थाळी योजना की उपलब्धियाँ

यह योजना महाराष्ट्र की महा विकास अगाडी सरकार के तहत राज्य के ज़रूरतमंदो को मुफ्त भोजन प्रदान करा रही हैं। कोरोना काल के दौरान कई व्यवसाय, व्यापार और नौकरियाँ बंद हो गई। भारी वित्तीय नुक्सान होने से कई लोगों को सामान्य भोजन भी नहीं मिल रहा था। यह पहल अप्रैल 2021 में कोरोना वायरस महामारी की दूसरी लहार के दौरान शुरू की गयी थी। इसी क्रम को बढ़ाने के लिए एक केंद्र का अनावरण पर्यटन मंत्री और मुंबई उपनगरीय जिला संरक्षक मंत्री आदित्य ठाकरे ने बांद्रा कलेक्टर कार्यालय में शुभारम्भ किया। पुणे में अजित पंवार और नाशिक में छगन भुजबल ने औपचारिक रूप से अपने ज़िलों में योजना का आरम्भ किया। केन्द्रो का सञ्चालन अस्पताल, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन, सरकारी कार्यालय, बाज़ार क्षेत्रों जैसे भीड़-भाड़ वाले स्थानों पर जायगा।

जिससे परिश्रमी और मज़दूर वर्ग के लोग सुविधापूर्वक सस्ता और अच्छा भोजन प्राप्त कर सके। वर्तमान की रिपोर्टो के अनुसार, इस वर्ष मई के महीने में मुंबई और ठाणे क्षेत्र में 83 शिव भोजन केन्द्रो के द्वारा गरीबों को कुल 5,23,133 थालियाँ वितरित की गयी हैं। मुंबई-ठाणे क्षेत्र के लिए प्रतिदिन 19,900 मुफ्त प्लेट स्वीकृत किये गए हैं। ‘Break the Chain’ अभियान के अंतर्गत शिव भोजन पार्सल की सुविधा को 6 अप्रैल 2021 से उपलब्ध करा दी गयी थी। सरकार एक साल में राज्य के 905 केंद्रों पर ज़रूरतमंद लोगों को लगभग 3 करोड़ सस्ता भोजन प्रदान करने में सफल रही हैं। शिव थाली योजना का लाभ सभी जाति, रंग और धर्म के लोगों को दिया जायगा। दिल्ली, झारखंड,ओड़िसा और मध्य प्रदेश जैसे राज्यों द्वारा दोहराया जा रहा हैं।

Shiv Bhojan Thali में क्या दिया जायगा

ग्राहक को थाली में 2 चपातियाँ, एक सब्जी पकवान, चावल-दाल/ करी का एक भाग और एक मिठाई प्रदान किये जायगे। साथ ही ग्राहको को परोसा जाने वाले भोजन का मेनू प्रतिदिन परिवर्तित किया जायगा। शिवभोजन थाळी योजना का मुख्य मेनू इस प्रकार से रहेगा।

  • 2 चपातियाँ
  • 100 ग्राम सब्जी (भाजी)
  • 150 ग्राम चावल
  • 100 ग्राम दाल या करी
  • आचार और पापड़

शिवभोजन थाळी योजना के लिए ऑनलाइन आवेदन

हम सभी जानतें हैं की महाराष्ट्र राज्य अधिक जनसँख्या वाला राज्य हैं। यद्यपि राज्य के कुछ लोग ऐसे वंचित वर्ग से आतें हैं जो एक दिन में ठीक प्रकार से भोजन नहीं खा पाते हैं। ऐसे लोग योजना के लिए ऑनलाइन अप्लाई कर सकतें हैं जिसके चरण निम्नवत हैं:

  • सर्वप्रथम आपको योजना के आधिकारिक ऐप को डाउनलोड करना होगा। (यहां क्लिक करें)
  • ऐप के द्वारा आपको योजना से सम्बंधित जानकारियाँ भोजन कैसे प्राप्त करे, जिलेवार कैंटीन का पता आदि प्राप्त होगी।
  • ऐप में आवेदक को सभी ज़रूरी जानकारियाँ भरनी होगी।
  • एक बार स्वीकृति होने के बाद आप महाराष्ट्र राज्य में शिवभोजन थाली योजना में रियायती दर पर भोजन कर सकते हैं।

शिवभोजन थाळी योजना के नियम व शर्तें

योजना के क्रियान्वन के लिए सरकार द्वारा कुछ मानदंड निर्धारित किये गए हैं। ये केंद्र राज्य के हर ज़िले और ताल्लुक में शुरू किये हैं। केन्द्रो का सञ्चालन निजी व्यक्तियों के द्वारा किया जाता हैं। राज्य सरकार द्वारा इन केंद्र संचालको को थाली की बिक्री के हिसाब से अनुदान प्रदान किया जायगा।

  • प्रायोगिक आधार पर प्रारंभ में प्रत्येक जिला मुख्यालय और नगर निगम क्षेत्र में 1 रेस्तरां शुरू किया जायगा।
  • रेस्टोरेंट भीड़भाड़ वाली जगह पर होगा।
  • रेस्टोरेंट दोपहर 11 से 3 बजे तक खुले रहेंगे।
  • इस समय के दौरान लाभार्थियों को आरक्षित शीट उपलब्ध करवाने की जिम्मेदारी रेस्तरां संचालकों की होगी।
  • सरकारी कर्मचारियों एवं प्रतिष्ठान के कर्मचारी रेस्टोरेंट का खाना नहीं खा पाएंगे।
  • रेस्तरां मालिक के पास पर्याप्त स्थान होना चाहिए।
  • एक बार में कम से कम 25 लोगों के बैठने की व्यवस्था हो।
  • रेस्टोरेंट के पास कम से कम 75 और अधिकतम 150 व्यंजन होंगे।
  • रेस्टोरेंट में बाहर से खाना लाना और बाहर का खाना लाना मना होगा।
  • रेस्तरां मालिक को यह सुनिश्चित करना होगा कि भोजन बासी एवं ख़राब ना हो।
  • रेस्तरां मालिक को ध्यान देना होगा की भोजन के द्वारा किसी व्यक्ति को भी ज़हर ना मिले।
  • भोजन एवं औषधि प्रशासन द्वारा समय-समय पर भोजन की गुणवत्ता की जाँच करने और प्रदर्शन क्षेत्र पर प्रशासन द्वारा जारी प्रमाण पत्र रेस्टोरेंट मालिक को चिपकाना होगा।
  • नियमो एवं मानदंडों को पूरा न करने पर समिति को केंद्र को हटाने का अधिकार होगा।

Shiv Bhojan Thali Yojana से अनुदान कैसे प्राप्त होगा?

शिवभोजन केंद्र संचालक को थाली रुपयों में बेचनी होगी। सरकार इसके बदले में केंद्रीय निवेशको को सब्सिटी देगी। लाभार्थी से दस रुपयों के अलावा अनुदान राशि जिला कलेक्टर से प्राप्त होगी। जिला कलेक्टर द्वारा अनुदान की राशि को सम्बंधित शिवभजन थाली संचालक के खाते में जमा कर दिया जायगा।

शिवभोजन थाळी योजना से सम्बंधित प्रश्न:

योजना का लाभार्थी कैसे बना जाय?

शिवभजन थाली ऐप को गूगल प्ले स्टोर से इनस्टॉल करके अपना रजिस्ट्रेशन करके लाभार्थी बन सकते हैं।

शिव भोजन थाली की कीमत क्या हैं?

शुरूआती चरण में वाली थाली की कीमत 10 रूपए थी परन्तु योजना के तीसरे चरण में थाली की क़ीमत 5 रूपए कर दी हैं।

शिव भोजन थाली की वास्तविक लगत क्या हैं?

भोजन की वास्तविक लागत शहरी केन्द्रो में 50 रूपए एवं ग्रामीण क्षेत्रो में 35 रूपए होगी।

कैंटीन द्वारा एक दिन में कितनी थाली प्रदान की जा सकती हैं?

अधिकारियों के अनुसार प्रत्येक कैंटीन एक दिन में 500 थालियाँ प्रदान कर सकती हैं।

राज्य सरकार का योजना से क्या उदेश्य हैं?

योजना के द्वारा सभी वंचित लोगों को सस्ता और गुणवत्तापूर्ण भोजन प्रदान करना हैं।

किन लोगों को योजना का लाभ नहीं मिलेंगा?

सरकारी कर्मचारी और प्रतिष्ठान के कर्मचारी योजना के अंतर्गत भोजन नहीं कर सकतें हैं।

योजना को शुरू करने का मुख्य कारण क्या हैं?

योजना का शुभारंभ शिवसेना के एक चुनावी वादे को पूरा करने के लिए किया गया।

ग्राहकों के लिए सहायता और शिकायत दूरभाष नंबर क्या हैं?

योजना से सम्बंधित किसी भी प्रकार की अन्य जानकारी के लिए दूरभाष नंबर 1800224950 और 1967(सिर्फ बीएसएनएल और एमटीएनएल उपभोक्ताओं के लिए) पर संपर्क करें।

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