हरियाणा अंतर्जातीय विवाह योजना आवेदन (एप्लीकेशन फॉर्म) – Inter Caste Marriage Yojana Hariyana

जातिगत भेदभाव को मध्यनज़र रखते हुए हरियाणा सरकार ने अंतर्जातीय विवाह योजना (इंटर कास्ट मैरिज हरियाणा) की शुरुआत की है। जो कि हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर जी के द्वारा वर्ष 2021 में प्रारम्भ की गयी । इस योजना में यदि कोई व्यक्ति किसी भी अन्य जाति में विवाह करता है तो उसे सरकार की तरफ से 2.50 लाख रुपये तक की धनराशि आर्थिक सहायता के रूप में प्रदान करती है। विवाह करने के 3 वर्ष के बाद भी इस धनराशि को निकाला सकेगा। अनुसुचित जाति के विवाहित जोड़े को यह राशि दम्पति के नाम एफडी के रूप में प्रदान की जाती है। यह धनराशि कम जाति वाले लोगो को प्रोत्साहित करने के लिए दी जाती है ताकि उनका सम्मान और आत्मबल बढ़े। सरकार जातिगत भेदभाव को समाप्त करना चाहती है जिससे समाज के सभी लोग एक दूसरे के साथ प्यार-प्रेम से रह सके और प्रत्येक व्यक्ति में एक दूसरे के प्रति प्रेमभावना जागृत हो तभी जातिगत भेदभाव सम्पूर्ण रूप से खत्म हो सकेगा।

हरियाणा अंतर्जातीय विवाह योजना आवेदन (एप्लीकेशन फॉर्म) - Inter Caste Marriage Yojana Hariyana
Inter Caste Marriage Yojana Hariyana

अंतर्जातीय विवाह योजना हरियाणा 2021

जैसा कि आप सभी जानते है हमारे समाज में जातिगत भेदभाव की प्रथा काफी समय से प्रचलित है। प्रत्येक नागरिक को अधिकार है वह स्वतंत्र रूप से अपनी ज़िंदगी अपने तरीके से जी सके। सरकार प्रतिदिन जाति-प्रथा को नियंत्रित करने में लगी है समाज जातिगत भेदभाव अभी भी करता आ रहा है भेदभाव उन लोगो के साथ अधिक किया जाता है जो लोग पिछड़े वर्ग के, अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति या निम्न जाति के होते है। हमारे समाज में जातिगत भेदभाव बहुत तीव्र गति से चल रहा है, जिसमे लोग अपने से कम जाति वाले लोगो को घृणा की नज़र से देखते है जनता के बीच आपसी मनमुटाव बना रहता है। यदि किसी व्यक्ति की अपनी पसंद हो तो वह अंतर्जातीय लड़की या लड़के को अपनाने से या उनसे विवाह करने में हिचकिचाता है जिससे समाज के लोग उसका नाम न रख सके।

अंतर्जातीय विवाह योजना का उद्देश्य

अंतर्जातीय योजना का मुख्य उद्देश्य यह हैं कि समाज को आर्थिक मदद के साथ साथ सामजिक सुरक्षा और उनके मनोबल को बढ़ाया जाता है समाज में बढ़ रही जातिप्रथा को दूर करना ही सरकार का मुख्य उद्देश्य है। सामान्य जाति के लोग दलित जाति अनुसूचित जनजाति पिछड़े वर्ग के लोगो से विवाह करते है तो सरकार की तरफ से उन लोगों को आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है, जिनसे उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत हो सके और अपने परिवार की देख-रेख करने में सक्षम हो सके। धीरे-धीरे जातिगत प्रथा खत्म हो जाए जिससे समाज के सभी लोग सामान्य तरीके से सब की तरह अपना जीवन व्यतीत कर सके और उन्हें कोई घृणा की नज़र से न देखे।

अंतर्जातीय विवाह योजना 2021 मुख्य बिंदु

योजना का नाम अंतरजातीय विवाह योजना
प्रारम्भ हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर जी के द्वारा
वर्ष 2021
डिपार्टमेंट वेलफेअर ऑफ़ शिड्यूल कास्ट एण्ड बैकवर्ड
योजना का उद्देश्य जातिगत भेदभाव को समाप्त करना
लाभ के इच्छुक अंतर जातीय विवाहित जोड़ो को आर्थिक सहायता प्रदान करना
सहायता धनराशि 2.50 लाख रूपये
आवेदन की प्रक्रिया ऑनलाइन
ऑफिसियल वेबसाइट http://haryanascbc.gov.in

अंतर्जातीय विवाह योजना के बेनिफिट्स

इस योजना के निन्मलिखित लाभ है।

  • इस योजना का लाभ हरियाणा के लोगो को मिलेगा।
  • इस योजना का लाभ वह लोग ले सकते सकते है जिस जोड़े ने अंतरजाति विवाह किया हो।
  • इस योजना में अंतर्जातीय विवाहित जोड़े को 2.50 लाख रूपये तक की धनराशि दी जायेगी।
  • इस योजना का लाभ उनको मिलेगा जिसमे एक स्वर्ण जाति का दूसरा अन्य जाति जैसे अनुसूचित जाति,अनुसूचित जनजाति पिछड़ा वर्ग के लोगो को इस योजना का लाभ मिलेगा।
  • इस योजना का लाभ लेने के लिए विवाह के 3 वर्ष के बाद भी धनराशि निकाली जा सकती है।
  • इस योजना में सहायता प्रदान हेतु धनराशि अंतरजातीय विवाहित जोड़े को एफडी के रूप में प्रदान की जाती है।
  • इस योजना के अंतर्गत यह धनराशि अंतरजातीय विवाहित जोड़ो के जॉइंट अकाउंट में ट्रांसफर की जाती है।

हरियाणा अंतर्जातीय विवाह योजना (इंटर कास्ट मैरिज) हेतु डाक्यूमेंट्स

इस योजना के अंतर्गत निन्मलिखित डाक्यूमेंट्स अनिवार्य है।

  • पति और पत्नि का मूल निवास प्रमाण पत्र
  • आधारकार्ड
  • पति -पत्नि की ज्वाइंड पासपोर्ट साइज की फोटो
  • वोटर आईडी कार्ड
  • पति पत्नी का ज्वाइंड बैंक अकाउंट।
  • पासबुक
  • कोर्ट मैरिज सर्टिफिकेट
  • जाति प्रमाण पत्र
  • ऐज सर्टिफिकेट
  • मोबाइल नंबर

अंतर्जातीय विवाह योजना की पात्रता

  • पति-पत्नी दोनों में से कोई एक अनुसुचित जाति, अनूसुचित जनजाति से हो।
  • विवाहित जोड़ो में से एक अनुसुचित जाति का दूसरा सामान्य जाति का होना चाहिए
  • पति-पत्नी को इस योजना का लाभ लेने के लिए हरियाणा का मूल निवासी होना अति आवश्यक है।
  • यादि आप हरियाणा से है तो ही आप इस योजना का लाभ ले सकते है
  • इस योजना का लाभ अन्य प्रदेश के लोगों को नहीं मिलेगा।
  • इस योजना का लाभ लेने के लिए लड़के की उम्र 21 वर्ष और लड़की की उम्र 18 वर्ष होनी अनिवार्य हैं।
  • पति – पत्नी में से अगर दोनों सामान्य जाति के है या पिछड़े वर्ग के है उन्हें इस योजना का लाभ नहीं मिलेगा।
  • लड़के की उम्र 21 वर्ष और लड़की की उम्र 18 वर्ष से कम उम्र के लोगो को इस योजना का लाभ नहीं मिलेगा।
  • आवेदक को इस योजना का लाभ लेने के लिए कोर्ट मैरिज करना अनिवार्य है।

हरियाणा अंतर्जातीय विवाह योजना पंजीकरण ऐसे करें

  • आवेदनकर्ता को आवेदन करने के लिए सबसे पहले ऑफिसियल वेबसाइट पर जाना होगा।
  • अब आवेदक के सामने होम पेज ओपन होगा। ntercast-merrige-home-page-1
  • अब आवेदक को वेलफेयर स्कीम में क्लिक करना होगा।
  • वेलफेयर स्कीम पर क्लिक करने के बाद आवेदक स्टेट स्कीम में क्लिक करें। antrgt-jaatiya-state-sceem
  • फिर आवेदक अंतरजातीय योजना का फॉर्म ओपन हो जाएगा।
  • उसके बाद आवेदक मांगी गयी इनफार्मेशन को ठीक से भरे।
  • उसके बाद आवेदक अपने डॉक्यूमेंट को अटैच करके सबमिट करें।
  • पंजीकरण करने के बाद आवेदन पत्र को चैक किया जाता है उसके बाद ही पति -पत्नी का चयन होगा।

योजना से सम्बंधित प्रश्न

अंतर्जातीय विवाह योजना क्या है ?

अंतर्जातीय विवाह योजना एक योजना है जो अंतर्जातीय विवाहित लोगो को सहायता प्रदान करने के लिए बनाई गयी।

अंतर्जातीय विवाह योजना कब प्रारम्भ हुई ?

अंतर्जातीय विवाह योजना वर्ष 2021 में प्रारम्भ की गयी।

यह योजना किसके द्वारा शुरू की गयी?

यह योजना हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर जी के द्वारा शुरू की गयी।

किन किन लोगों को इस योजना का लाभ दिया जाएगा ?

सामान्य जाति के लोग किसी अन्य जाति, अनुसूचित जाति या अनुसूचित जनजाति वर्ग के लोगों से विवाह करता है तो उसे इस योजना का लाभ मिलता है।

अंतरजातीय विवाह योजना हरियाणा के लिए जरुरी दस्तावेज क्या क्या है ?

अंतरजातीय विवाह योजना हरियाणा के मुख्य दस्तावेज है – आधारकार्ड पति-पत्नि की ज्वाइंड पासपोर्ट साइज की फोटो पति -पत्नी का मूल निवास प्रमाण पत्र पति पत्नी का ज्वाइंड बैंक अकाउंट,वोटर आईडी कार्ड ।

आवेदक को अंतरजातीय विवाह योजना में कितने रूपये की आर्थिक मदद मिलती है?

आवेदक को अंतरजातीय विवाह योजना में 2.50 लाख रूपये तक की आर्थिक मदद की जाती है।

इस योजना का लाभ लेने के लिए धनराशि को कितने वर्ष के बाद निकाला जा सकेगा ?

अंतर्जातीय विवाह योजना का लाभ लेने के लिए विवाह के 3 वर्ष के पश्चात ही इस धनराशि को निकाला जा सकेगा।

आशा करते है हरियाणा अंतरजातीय विवाह योजना के बारे में दी गयी सभी जानकारी आपको अवश्य पसंद आयी होगी अगर आप और अधिक जानकारी प्राप्त करना चाहते है तो हमे कमेंट सेक्शन में जरूर बताये।

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